कोलकाता :- चर्चित लेखिका तस्लीमा नसरीन लगभग 20 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद आखिरकार कोलकाता लौट आई हैं। शुक्रवार दोपहर करीब 12:50 बजे वे कोलकाता हवाई अड्डे पर पहुंचीं, जहां शंखनाद और उल्लूध्वनि (मंगल ध्वनि) के साथ उनका भव्य स्वागत किया गया। काफी समय बाद पश्चिम बंगाल की धरती पर कदम रखते ही वे काफी भावुक नजर आईं। इससे पहले, शुक्रवार सुबह उन्होंने सोशल मीडिया पर कोलकाता यात्रा की जानकारी साझा की थी। तस्लीमा शनिवार को रवींद्र सदन में कट्टरवाद के खिलाफ आयोजित एक साहित्यिक कार्यक्रम में भाग लेंगी। इस कार्यक्रम का आयोजन 'सेक्युलर मिशन' और 'एचआरबीएफएफ' द्वारा किया जा रहा है। माना जा रहा है कि इस मंच पर राज्य के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी भी उनके साथ मौजूद रह सकते हैं।
उल्लेखनीय है कि वर्ष 2007 में तस्लीमा के उपन्यास 'द्विखंडित' को लेकर कोलकाता में भारी विवाद हुआ था। तत्कालीन बुद्धदेव भट्टाचार्य सरकार के कार्यकाल में इस पुस्तक पर प्रतिबंध लगा दिया गया था और तस्लीमा को शहर छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा था। बाद में ममता बनर्जी के 15 वर्षों के शासनकाल में भी उनकी वापसी को लेकर कोई पहल नहीं की गई। हालांकि, अब राज्य में बीजेपी सरकार के दौरान उनकी यह वापसी एक नए अध्याय की शुरुआत मानी जा रही है।



0 Comments