अंडाल :- पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के मद्देनजर राजनीतिक पारा अपने चरम पर पहुंच गया है। आगामी 23 अप्रैल को पश्चिम बर्दवान जिले की 9 विधानसभा सीटों पर होने वाले पहले चरण के मतदान के प्रचार हेतु केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को रानीगंज विधानसभा क्षेत्र के खांदरा फुटबॉल मैदान में एक विशाल चुनावी जनसभा को संबोधित किया। यह जनसभा मुख्य रूप से रानीगंज से भाजपा प्रत्याशी पार्थ घोष, पांडेश्वर से जितेंद्र तिवारी और जामुड़िया से डॉ. बिजन मुखर्जी के पक्ष में वोट मांगने के लिए आयोजित की गई थी। इस दौरान गृह मंत्री ने ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल सरकार पर जमकर निशाना साधा।
अपने संबोधन में अमित शाह ने घुसपैठ के मुद्दे को प्राथमिकता देते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल से अवैध प्रवासियों को बाहर निकालने की शक्ति और इच्छाशक्ति केवल भारतीय जनता पार्टी के पास है। उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य में ममता बनर्जी के शासन के दिन अब समाप्त होने वाले हैं। शाह ने घोषणा की कि जैसे ही बंगाल में भाजपा की सरकार बनेगी, अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा को अभेद्य बनाने के लिए सीमा सुरक्षा बल (BSF) को फेंसिंग लगाने हेतु तत्काल भूमि आवंटित की जाएगी, ताकि सीमा पार से होने वाली घुसपैठ पर पूर्ण विराम लगाया जा सके।
राम मंदिर के मुद्दे पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को घेरते हुए शाह ने उन पर तुष्टीकरण की राजनीति करने का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि ममता दीदी ने हमेशा राम मंदिर के निर्माण का विरोध किया है और अब वे अपने करीबियों को बढ़ावा देकर बंगाल में बाबरी मस्जिद बनाने का सपना देख रही हैं। शाह ने हुमायूं कबीर का नाम लेते हुए तंज कसा कि उनके जैसे 'चेले' बंगाल में बाबरी मस्जिद बनाने की मंशा रखते हैं। उन्होंने अंत में कहा कि बंगाल की जनता अब इन इरादों को भली-भांति समझ चुकी है और इस बार के चुनाव में वह बदलाव के लिए अपना मन बना चुकी है।



0 Comments